हर नजर में मुमकिन नहीं है,बेगुनाह रहना
हर नजर में मुमकिन नहीं है,बेगुनाह रहना...
कोशिश ये करें कि खुद की नजर में बेदाग रहें...!
...✍
कोशिश ये करें कि खुद की नजर में बेदाग रहें...!
...✍
हर नजर में मुमकिन नहीं है,बेगुनाह रहना
Reviewed by ADMINISTRATOR
on
12:13 PM
Rating:
No comments: